चंडीगढ़ सीनियर डिप्टी मेयर ने कहा- अफसर फोन नहीं उठाते; निगम कमिश्नर बोले- सस्पेंशन ऑर्डर निकालो, MC मीटिंग में गूंजा पानी का मुद्दा
Chandigarh Municipal Corporation House Meeting Mayor Saurabh Joshi
Chandigarh MC House Meeting: चंडीगढ़ नगर निगम में आज बुधवार को नए मेयर सौरभ जोशी की अध्यक्षता में सदन की 358वीं बैठक हुई. बैठक में जहां मेयर के सदन चलाने के तरीके की विपक्ष द्वारा तारीफ की गई तो वहीं बैठक में गौ हत्या व शहर के कुछ हिस्सों में गंदे पानी की सप्लाई आने और कम पानी आने का मुद्दा बहुत ज़ोर-शोर से सदन में गूंजता दिखाई दिया। कांग्रेस पार्षद गुरप्रीत गाबी के साथ-साथ खुद बीजेपी के सीनियर डिप्टी मेयर जसमन और बीजेपी पार्षद मनोज सोनकर ने इस मुद्दे को उठाया और कहा कि ये समस्या किसी एक पार्षद के वार्ड की नहीं है बल्कि सदन में बैठे अन्य पार्षद भी ऐसी परेशानी से दो-चार हो रहे हैं।
सीनियर डिप्टी मेयर ने कहा- अफसर फोन नहीं उठाते
वहीं पानी के मुद्दे को उठाते हुए कहा कि जब नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार से सीनियर डिप्टी मेयर जसमन ने कहा कि मोटर खराब होने और पानी न आने पर JE और SDO अफसर फोन नहीं उठाते। इस पर निगम कमिश्नर ने सख्त रुख दिखाते हुए कहा कि आप नाम बताओ और चीफ इंजीनियर से सस्पेंशन ऑर्डर लिखने को कहा। वहीं नाम न बताए जाने पर कमिश्नर ने सीनियर डिप्टी मेयर से कहा आप अच्छे भी बने रहोगे और अफसरों के नाम भी नहीं बताओगे। ऐसे कैसे चलेगा? आप तुरंत नाम बताओ। कमिश्नर ने कहा कि मुझे बताओ किसने आपका फोन नहीं उठाया। उसे तुरंत बाहर करेंगे। फोन तो उठाना पड़ेगा।
नगर निगम में लगा नारा, चंडीगढ़ को इंदौर बनाना बंद करो
नगर निगम में पोस्टर लेकर नारा भी लगाया गया कि दूषित पानी से चंडीगढ़ को इंदौर बनाना बंद करो। कांग्रेस पार्षदों ने दूषित पानी से मासूम बच्चे की मौत का मुद्दा उठाया. वहीं कांग्रेस पार्षद गुरप्रीत गाबी ने जब दूषित पानी पर सदन में जवाब मांगा तो इस पर कमिश्नर ने कहा कि पानी चेक कराया गया है। पानी की रिपोर्ट तो ठीक आई है। लेकिन फिर भी पानी की जांच अभी कराई जा रही है। गाबी ने कहा कि पानी और सीवरेज की लाइन एकसाथ जा रही है, जहां कहीं से पाइप फूटने के साथ पानी मिक्स हो रहा है और लोगों के घरों में आ रहा है। जिसे पीकर लोग बीमार हो रहे हैं।

मनोज सोनकर ने कहा- बड़ी शर्मिंदगी महसूस हो रही
सदन में अपने वार्ड मौली जागरां में पानी की सप्लाई बाधित होने के मुद्दे को उठाते हुए बीजेपी पार्षद मनोज सोनकर का पारा काफी हाई देखा गया। मनोज सोनकर ने कहा कि चंडीगढ़ के 35 वार्डों में से मौली जागरां एक ऐसा वार्ड है जो चर्चा में आया हुआ है। इस वार्ड के चर्चा में आने के लिए कौन इसका जिम्मेदार है,इसमें किसका कसूर है? मनोज सोनकर ने कहा कि आज मैं बहुत गंभीरता से यह कह रहा हूँ और मुझे यह कहते हुए बड़ी शर्मिंदगी महसूस हो रही है की हम ये हाउस किस लिए चलाते हैं? लोगों की समस्याओं के निदान के लिए न। लेकिन अगर यहाँ लोगों की समस्याओं को यहां सीरियस नहीं लिया जाता है तो मैं गुजारिश करूंगा की इस हाउस को बंद कर दिया जाये।
लोगों के साथ इस तरह खिलवाड़ न किया जाए
मनोज सोनकर ने आगे कहा कि लोगों के साथ इस तरह खिलवाड़ न किया जाए। आज मौली जागरा के अंदर मुझे हफ्ता हो गया है मैं जूझ रहा हूं की वहां लोगों को पानी नहीं मिल पा रहा है। मैं 4 तारीख को आता हूं और एक्सईएन और एसडीओ सबसे बात करके जाता हूं और मैं चिल्ला-चिल्ला कर कहता हूं कि मेरे वार्ड में पानी नहीं आ रहा है। वो लोग किस कदर परेशान हो रहे हैं। गंदा पानी हो या पानी न आ रहा हो, ये समस्या मौली जागरा में बहुत पुरानी है क्यों नहीं इस समस्या का समाधान अब तक किया गया। सोनकर ने कहा कि मैं पिछले 3 सालों से सदन में इस समस्या को रख रहा हूं। फिलहाल मेयर ने सोनकर को भरोसा दिया कि वहां पानी की सप्लाई बाधित नहीं होगी।
कांग्रेस ने गौ हत्या का मुद्दा उठाया
वहीं कांग्रेस ने गौ हत्या का मुद्दा उठाया और वेल में आकर पोस्टर दिखाये। साथ ही नारेबाजी की। कांग्रेस पार्षदों ने कहा 'गौ हत्या बंद करो और निष्पक्ष जांच करो'। इस पर नगर निगम कमिश्नर ने कहा कि हाल ही में जो घटना हुई। उसके बाद मौके पर डीसी और सभी अफसरों ने जांच की और सेम डे एक्शन हुआ। गवर्नर साहब के निर्देश पर चीफ सेक्रेटरी की निगरानी में निष्पक्ष जांच की जा रही है। वहीं आगे की जांच पर जो भी जरूरी कार्रवाई होगी वो की जाएगी।
स्पेशल गौ कमेटी बनाई जाएगी
इस पर बीच मेयर सौरभ जोशी ने भी भरोसा दिया की गाय हमारी माता है और इस मामले में कोई कोताही नहीं बरती जाएगी और पारदर्शिता के साथ काम किया जाएगा। कमिश्नर ने कहा कि गौशालाओं का ख्याल जा रहा है और सुधार किए जा रहे हैं। वहीं निगम कमिश्नर अमित कुमार ने कहा कि जहां-जहां गौशालाएं ग्रिड शहर से बाहर हैं वहां-वहां मंदिर भी बनाए जाएंगे। इसके साथ ही मेयर ने कहा की गायों की सुरक्षा और उनकी देखभाल को लेकर स्पेशल गौ कमेटी बनाई जाएगी। कमेटी की सिफ़ारिशों पर कार्रवाई की जाएगी।